केरल के किसानों की मांग वन्य जीव सुरक्षा कानून में संशोधन किया जाए II
केरल के किसानों की मांग वन्य जीव सुरक्षा कानून में संशोधन किया जाए II


-एसकेएम गैर राजनीतिक का प्रतिनिधिमंडल केरल में वायानाड के जंगलों में जंगली जानवरों के हमले से घायल हुए आदिवासी किसानों से मिला: लखविंदर सिंह औलख
सिरसा-(अक्षित कम्बोज):- बीकेई प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख ने केरला से जानकारी देते हुए बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा गैर-राजनीतिक का प्रतिनिधिमंडल केरल में पिछले तीन दिनों से जंगली जानवरों के आतंक का शिकार हुए आदिवासी व पिछड़ा वर्ग के किसानों से मिल रहा है। सुखजीत सिंह हरदोझंडे, केवी बीजू, अंग्रेज सिंह बूटेवाला, रामदास व वहां के लोकल किसान नेताओं ने केरला के कासरगोड, कन्नूर व वायानाड जिले में कई गांवों में जाकर जंगली हाथी, चीते, भालू और जंगली सूअर के हमले से जान गंवा चुके किसानों के परिवार से मिलकर संवेदना प्रकट की और जंगली जानवरों के हमले से घायल हुए किसानों से मिलकर उनका हाल-चाल जाना। औलख ने कहा कि जंगलों में खेती करने वाले आदिवासी व अति पिछड़ा वर्ग के किसान हैं, जिनको सरकार ने खेती के लिए जमीन दी है, लेकिन उनकी जान माल की सुरक्षा के लिए कोई प्रबंध नहीं किए हैं। किसानों की रबड़, सुपारी, नारियल, कॉफी चाय, केला, काली मिर्च, जायफल, मसाले, इलायची आदि फसलें जिन पर किसानों का बहुत खर्च होता है, लेकिन जंगली जानवर इन सभी फसलों को नष्ट कर देते हैं। इसी कारण भारत में प्रति किसान परिवार के कर्जे से चार गुना ज्यादा कर्ज केरल प्रति किसान परिवार पर है।
केरला के किसानों की मांग कि जंगली जानवरों के हमलों से पीडि़तों के लिए जंगली जानवर अटैक क्लेम ट्रिब्यूनल बनाया जाए: लखविंदर सिंह औलख:-
केरल के किसानों की मांग है कि वन्य जीव जंतु कानून 1972 में संशोधन किया जाए और मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल की तरह जंगली जानवर अटैक क्लेम ट्रिब्यूनल भी बनाया जाए, जिससे कि पीडि़त किसानों को उनके जान माल की तुरंत भरपाई करवाई जा सके। औलख ने कहा कि वह वायनाड जिले के मानंतवाड़ी गांव के किसान लक्ष्मण से मिले जिस पर हाथी ने अटैक किया था और उसकी रीड की हड्डी टूट गई है पिछले 4 महीना से वह बहुत गंभीर हालत में है, बेगूर वन रेंज के आदिवासी किसान कुमारन पर भालू ने हमला करके घायल कर दिया था, उसका भी तीन महीना से इलाज चल रहा है। इसी गांव के किसान सोमन को हाथी ने मौत के घाट उतार दिया था। कन्नूर जिले के आरआलम के जंगलों में हाथी ने हमला करके पति-पत्नी विल्ली और लीला को मौत के घाट उतार दिया था। ऐसे कई किसान जंगली जानवरों के हमले से अपनी जान गंवा चुके हैं और सैकड़ों किसान जख्मी हुए हैं। औलख ने कहा कि हमारी केरल सरकार से अपील है कि जंगली जानवरों से पीडि़त आदिवासी व पिछड़ा वर्ग के किसानों को सुरक्षा दी जाए और आर्थिक मदद की जाए।। #newstodayhry @newstodayhry



