MSP में कट, मुआवजा अधूरा, मंडियों पर ताले – सुरजेवाला और अरोड़ा ने सरकार पर बोला हमला II
MSP में कट, मुआवजा अधूरा, मंडियों पर ताले – सुरजेवाला और अरोड़ा ने सरकार पर बोला हमला II


कुरुक्षेत्र-(संगीत गीत):- रणदीप सुरजेवाला ने कहा पूरे हरियाणा में जो दुर्गति और दुर्दशा किसान, मजदूर व आढ़तियों कि इस समय हो रही है वह शायद हरियाणा में कभी नहीं हुई। 31 लाख से ज्यादा एकड़ भूमि में खराबी की रजिस्ट्रेशन किसान करवा चुके हैं और अभी 18 लाख खराबी कि रजिस्ट्रेशन बची हुई है। मुआवजे के नाम पर ₹7000 की घोषणा जो एक बुवाई के लिए भी काफी नहीं, उसके बावजूद एक फूटी कोड़ी मुआवजा हरियाणा के किसानों को नहीं मिला। उन्होंने कहा ट्यूबल खराब के मुआवजे की तो कोई चर्चा ही नहीं की सरकार ने। अब जब किसान धान लेकर अनाज मंडी के अंदर आ रहा है तो वायदा था 3100 रुपए प्रति रुपए कुंटल धान की कीमत देने का लाडवा की अनाज मंडी में आकर हवा हवाई मुख्यमंत्री नायब सैनी एक-एक धान का दाना खरीदेंगे इस प्रकार के जुमले तो जड़कर चले गए, परंतु किसान को इसकी कीमत कितनी मिल रही है। न्यूनतम समर्थन मूल्य 2389 की बात तो दूर की है आज 1900 से लेकर ₹2100 तक पीआर धान पीटने लगा रहा है। ₹25 से लेकर ₹35 तक का कट लग रहा है। बाजरे वाले किसान की हालात ओर भी ज्यादा खराब है। ₹2700 से ज्यादा न्यूनतम समर्थन मूल्य बाजरे का है, खुद नायब सैनी सरकार ने कहा था। ₹2100 में बाजार खरीदना है उसकी भी खरीद नहीं हो रही। चरखी दादरी में 70,000 कुंटल बाजार ऐसे ही पड़ा है कोई खरीद नहीं हो रही। किसान दुर्दशा का शिकार हो रहा है। जिन खेतों में अगली फसल की बुवाई उगानी है वहां होगी या नहीं इसका कोई मालूम नहीं। दर दर की ठोकरें खा रहा किसान।
हेलीकॉप्टर से नहीं, जमीन पर आकर देखो किसान की हालत :-
उन्होंने कहा नायब सैनी को हेलीकॉप्टर से नीचे उतरकर धरातल की स्थिति देखने की फुर्सत नहीं। रणदीप सुरजेवाला ने सरकार से मांग करते हुए कहा पीआर धान बिना नमी के कट के सरकार उसकी पेमेंट करें।मगर किसान को पूरा एमएसपी मिलना चाहिए और पूरे एमएसपी की कीमत पर बाजार की खरीद हो। वहीं उन्होंने मांग करते हुए कहा कि एक सप्ताह के अंदर मुआवजे की कीमत किसानों को मिल जाए, इसमें विलंब ना करें सरकार और साथ ही ट्यूबल व बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र में रहने वाले एससी – बीसी परिवारों को भी मुआवजा दे सरकार। रणदीप सुरजेवाला ने मुख्यमंत्री के बयान पर पलटवार करते हुए कहा मुख्यमंत्री नायब सैनी हेलीकॉप्टर से नीचे उतरे तो उन्हें सच्चाई का पता चले। लाडवा, थानेसर, पिपली, करनाल, अंबाला, यमुनानगर, कैथल जींद की अनाज मंडियों का क्या हाल है, उन्होंने कहा क्या मुख्यमंत्री अभी तक किसी अनाज मंडी में दौरा करने गए। क्या मुख्यमंत्री बाजरा किसानों के आंसू पहुंचने की जहमत करेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री पर तंज कसते हुए कहा मारकंडा नदी के पुल पर खड़े होकर टाटा बाय-बाय करके किसानों को मुआवजा नहीं मिल जाएगा। ना ही सरकार ने 2023 का अभी तक मुआवजा दिया और ना 2025 के मुआवजे की एक फूटी कोड़ी किसानों को नहीं मिली।
उन्होंने कहा आंख पर सत्ता के गुरूर का चश्मा पहने नायब सैनी ने लगा लिया:-
वह इल्जाम लगाने से नहीं उतरेगा राहत की मरहम लगाने से उतरेगा। रणदीप सुरजेवाला ने भाजपा सरकार पर हल्ला बोलते हुए कहा कि जिस प्रकार ढांड अनाज मंडी पर तारा लगाया गया है, इसी प्रकार वह पूरे हरियाणा की मंडियों में ताला लगाकर आढ़तियों, मुनीम, मंडी के मजदूरों का धंधा बंद करके जैसे ही अडानी का साईलो पानीपत में शुरू हो जाएगा। वह अडानी का साईलो पूरे जीटी रोड की गेहूं और धान उठाया करेगा। धीरे-धीरे मंडी के व्यापार को खत्म करके किसान को अडानी के साईलो के बाहर खड़ा करना चाहती है सरकार। उनके एजेंट के तौर पर भाजपा सरकार कर रही है काम। वहीं इस दौरान थानेसर के विधायक अशोक अरोड़ा ने सरकार से मांग करते हुए कहा कि पानी की वजह से फसलों का नुकसान हुआ तो अबकी बार पैदावार भी किसानों की बहुत कम है। जहां 30 कुंटल फसल हुआ करती थी वह 18 से 20 कुंटल तक निकल रही है विधायक अरोड़ा ने कहां सरकार को पैदावार कम होने का मुआवजा भी बोनस के रुप में किसानों को देना चाहिए। विधायक अशोक अरोड़ा ने कहा कट लगाने के नाम पर उसे जस्टिफाई करने के लिए किसानों से एक फार्म भरवाया जा रहा है कि हमें पेमेंट पूरी मिल रही है, ताकि किसान आगे रो भी ना सके। उन्होंने कहा यह सरकार मार भी रही है और रोने भी नहीं दे रही।। #newstodayhry @newstodayhry



