Haryana
Trending

गुरुग्राम में बिल्डर की लापरवाही, 2016 से अटकी पड़ी हाउसिंग सोसायटी, खरीदारों ने किया प्रदर्शन II

गुरुग्राम में बिल्डर की लापरवाही, 2016 से अटकी पड़ी हाउसिंग सोसायटी, खरीदारों ने किया प्रदर्शन II

गुरुग्राम-(पायल शर्मा):- गुरुग्राम-बिल्डर ने नही निभाया वायदा 9 साल बाद भी नही तैयार हुई सोसायटी खरीददारो ने जम कर किया प्रदर्शन साइबर सिटी के सेक्टर-109 में बन रही है सोसायटी मजबूर खरीददारों ने हरियाणा के कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह से लगाई न्याय की गुहार प्रधानमंत्री ओफोर्डेबल स्कीम के तहत किया था घर के लिए आवेदन 9 साल बीतने के बाद भी न पैसा वापस मिला और न ही फ्लैट साइबर सिटी में एक घर हो अपना बन कर रह गया सपना। दरअसल साइबर सिटी के सेक्टर-109 में बिल्डर ने ओएसबी एक्सप्रेसवे टावर्स के नाम से ओशन सेवन प्राइवेट लिमिटेड ने अफोर्डेबल हाउसिंग सोसायटी बनाने के लिए बुकिंग शुरू की थी। खरीददारों की माने तो 2016 मे उन्होंने अपने घर का सपना साजो कर ओएसबी एक्सप्रेस वे में पैसा लगा दिया था। 9 साल बीतने के बाद भी न तो फ्लैट ही मिल है और न ही मिलने की उम्मीद है। जबकि बिल्डर ने बुकिंग के समय 2021 मे सोसायटी कम्प्लीट करने और पोजेशन देने की बात कही थी लेकिन अभी तक 60 प्रतिशत ही काम पूरा हुआ है। ऐसे में फ्लैट कब तक मिलेंगे कहना मुश्किल है। इसी को लेकर खरीददार सोसायटी के बाहर प्रदर्शन कर रहे है। रेरा ऑफिस से लेकर एसटीपी तक सब जगह शिकायत कर चुके है,लेकिन कोई समाधान नही हो पा रहा है। सोसायटी में 1100 फ्लैट बनाए जाने थे। जिनका काम तो शुरू हुआ, लेकिन कछुआ गति से होने के कारण अभी तक 60 प्रतिशत ही पूरा हो सका है। अब आलम यह है कि बिल्डर के पास पैसा खत्म हो गया है, जिसके चलते प्रोजेक्ट बीच मे ही लटक गया है। अधिकारियो के चक्कर काट कर थक चुके है,लेकिन कोई समाधान नही हो रहा है। इसी को लेकर प्रदर्शन करने को मजबूर हो गए है। प्रदर्शन करते हुए हरियाणा सरकार के कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह के आवास पर पहुचे। जहा मंत्री राव नरबीर सिंह तो नही मिले, लेकिन उनके पीए ब्रह्म यादव ने खरीददारों से मुलाकात की और उन्हें न्याय दिलवाए जाने का आश्वाशन दिया। एक्सप्रेसवे टावर्स सेक्टर 109 के खरीददारों ने बताया कि उन्हें 2016 में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ड्रॉ ऑफ लॉट्स के जरिए अलॉटमेंट मिला था। हाल के समय में बिल्डर ने धोखाधड़ी से ड्रॉ ऑफ लॉट्स में अलॉट किए गए यूनिट्स की बिक्री शुरू कर दी है और पिछले हफ्ते दो मामलों में यूनिट्स को 55-60 लाख रुपये में खुले बाजार में बेच दिया गया, जबकि डीटीसीपी के निलंबन आदेश और रेरा द्वारा थर्ड पार्टी राइट्स लागू थे। बिल्डर को किसी भी प्राधिकरण का कोई डर नहीं है। उसने ज़मीन के मालिक श्री भगवान को भी 26 करोड़ रुपये का भुगतान नहीं किया है, जिसके चलते दिल्ली हाईकोर्ट में श्री भगवान बनाम ओशन सेवन बिल्डटेक प्राइवेट लिमिटेड का केस भी दर्ज है।ओशन सेवन बिल्डटेक प्राइवेट लिमिटेड के 3000 खरीदारों का भविष्य अंधेरे में है और वे मुख्यमंत्री कार्यालय, रेरा और डीटीसीपी के चक्कर काट रहे हैं, पर कोई नतीजा नहीं निकल रहा। सेक्टर-109 में हाउसिंग सोसायटी के खरीददारों को उनका घर कब तक मिल पाता है यह तो समय ही बताएगा। फिलहाल तो बिल्डर मस्त खरीददार परस्त नजर आ रहे है।। #newstodayhry @newstodayhry

Related Articles

Back to top button