मोबाइल और तनाव: महिलाओं और बच्चों के लिए महत्वपूर्ण संदेश II
मोबाइल और तनाव: महिलाओं और बच्चों के लिए महत्वपूर्ण संदेश II


सिरसा-(अक्षित कम्बोज):- मोबाइल का ज्यादा प्रयोग करना तथा सोशल मीडिया पर अधिक समय बिताने से तनाव और चिंता बढ़ती हैं, जो मस्तिक की कार्यक्षमता को ओर कमजोर करती हैं। इसलिए हमें जरूरत के मुताबिक मोबाइल का इस्तेमाल करना चाहिए। यह शब्द लाॅयन्स कल्ब सिरसा अमर के संस्थापक अध्यक्ष स्वामी रमेश साहुवाला ने चतरगढ पटटी में महिलाओं को संबोधित करते हुए कहें। उन्होंने कहा स्मार्टफोन का अत्यधिक उपयोग और खासकर रात में नींद की गुणवता को प्रभावित करता हैं, जिससे मनुष्य को नींद कम आती है जो सीधे याददाश्त और एकाग्रता को नुकसान पहुँचाती हैं।
श्री साहुवाला ने कहा कि:-
एक अध्ययन के अनुसार, जो बार-बार फोन इस्तेमाल करता हैं, सभी नोटिफिकेशन चेक करता हैं या फोन को हमेशा पास में रखता है, उसकी गहन एकाग्रता यानी डीप फोकस की क्षमता प्रभावित होती हैं। इसके अलावा स्क्रीन टाइम से डोपामाइन का लेवल बढ़ता है, जो मस्तिष्क को तुंरत संतुष्टि की आदत डालता है, जिससे लंबे समय तक किसी कार्य पर ध्यान देना मुश्किल हो जाता हैं। उन्होंने कहा मोबाइल फोन का अविष्कार मार्टिन कपूर ने 1973 में किया था। जो भारत में मोबाइल फोन 31 जुलाई 1995 में लाया गया था, जो आज के समय के साथ मोबाइल स्मार्ट होते जा रहे हैं तथा मोबाइल के बिना लोगो को अपना जीवन अधूरा लगता हैं तथा परिवार की हर पीढ़ी को मोबाइल की लत लग गई हैं। इसलिए इस पर ज्यादा निर्भरता नही होनी चाहिए वर्ना हमारा स्वास्थ्य खराब हो जायेगा और हम अपना काम संपूर्ण नहीं कर पायेगे। उन्होंने कहा मोबाइल का ज्यादा प्रयोग करने से आंखें खराब हो जाती हैं। बच्चों का मन पढ़ाई में नहीं लग पाता। वाहन पर मोबाइल चलाने से दुर्घटना हो जाती हैं। इसलिए हमें मोबाइल का प्रयोग कम से कम करना चाहिए। इससे पूर्व सेंटर की संचालिका नीलम और कुसुम ने मुख्य अतिथि स्वामी रमेश साहुवाला का स्वागत करते हुए सभी ने यह प्रण लिया कि हम कम से कम मोबाइल का प्रयोग करेंगे। इस अवसर पर विजय गोयल, संदीप, पवन कुमार, रविंद्र, अमर, रितुन,वासु, और पायल उपस्थित थें।। #newstodayhry @newstodayhry



