हरियाणा की सत्ता हाथ से फिसलने के आसार ll
हरियाणा की सत्ता हाथ से फिसलने के आसार ll

सिरसा – (अक्षित कम्बोज ) हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रदेशाध्यक्ष एवं राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के जिला प्रधान ज्योति प्रकाश गुप्ता ने कहा कि हरियाणा की भाजपा सरकार सत्ता के नशे में, सफाई कर्मचारियों द्वारा समस्त हरियाणा में 6 अगस्त से जारी झाड़ू छोड़ दूसरी हड़ताल बाबत कोई समाधान करने के लिए निष्क्रिय है। दोनों पक्षों के दरमियान रस्साकशी से हरियाणा की निर्दोष जनता, जगह-जगह पर लगे कूड़ा-कर्कट के ढेरों की वजह से मक्खियों-मच्छरों के बढ़ते प्रकोप तथा अस्वच्छता से परेशान है। जनहित में आमजन के स्वास्थ्य का सवाल है, जिस से आम जनता असमंजस में है। जिस प्रकार मानव शरीर के सभी अंग जरूरी हैं, उसी प्रकार देश के भिन्न-भिन्न सभी वर्गों के महत्व को कमतर करके नहीं आंका जा सकता। पहले से ही दबे हुए वर्ग को और कितना दबा कर, भाजपा सरकार कौन सा नया कीर्तिमान स्थापित करना चाहती है? वरिष्ठ नेता ज्योति प्रकाश गुप्ता ने सवाल उठाते हुए कहा क्या शहीद भगत सिंह व बलिदानी लाला लाजपतराय सरीखे स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों के अनुरूप आज आजाद भारत में क्या ठीक हो रहा है? प्रात: स्मरणीय, आदि कवि महर्षि वाल्मीकि जी द्वारा रचित पवित्र ग्रंथ श्री रामायण में दशार्या है, निर्बल के बल राम उदाहरण के तौर पर, मयार्दा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम ने माता भिलनी का सत्कार स्वीकार किया और महाबली बाली का वध कर के सुग्रीव की रक्षा की थी। वरिष्ठ नेता ज्योति प्रकाश गुप्ता ने वयोवृद्ध प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से विनम्र अनुरोध किया है कि अभी भी संभालने का वक्त है, आम जनता की मांग पर अनुभवी पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को संवैधानिक तौर पर मात्र 6 माह की अल्प अवधि के लिये हरियाणा का पुन: मुख्यमंत्री बनाया जाए, ताकि हरियाणा की सत्ता को हाथ से फिसलने के आसार को रोका जा सके और उस के साथ डैमेज कंट्रोल किया जा सके। वरना 2047 सत्ता में जमे रहने का सपना चकनाचूर हो कर धराशायी हो जाएगा। जब चिड़िया चुग जाएंगी खेत तो फिर क्या पछताना। जनता जनार्दन की आवाज को समझने की जरूरत है। गुप्ता ने पंजाब के आगामी 117 सीटों वाली विधानसभा चुनाव बारे जिक्र करते हुए कहा कि विगत 2022 में भाजपा 73 सीटों पर चुनाव लड़ कर मात्र 2 सीटों पर सिमट कर रह गई, भला अब कौन सा तीर चला लोगे। भाजपा के लिए पंजाब में सत्ता दूर की कौड़ी है। आने वाले की आस छोड़ो, पहले गोदी वाले को संभालो यानी पंजाब के चुनावों की फिक्र से पहले हरियाणा को संभालो, कहीं ‘आधी छोड़ सारी को धावै, सारी मिलै ना, आधी भी जावै’। जरा याद करें कि आपातकाल के कारण जनता पार्टी जिस तीव्र गति से सत्ता में आई थी, उसी द्रुतगति से मात्र 3 साल में सिमट गई, कारण था सत्तालोलुपता। @newstodayhry #newstodayhry




