मानसून जल्दी आने से फसलों को फायदा होगा और जमीन के जलस्तर में भी सुधार होगा।।
मानसून जल्दी आने से फसलों को फायदा होगा और जमीन के जलस्तर में भी सुधार होगा।।


भिवानी-(अभिषेक ठाकुर):- हरियाणा में इस बार मानसून सप्ताहभर पहले आने की संभावना है। जिसके चलते किसानों के चेहरे खिले हुए हैं। किसानों का कहना है कि मानसून जल्दी आने से फसलों को फायदा होगा और जमीन के जलस्तर में भी सुधार होगा। वहीं मौसम वैज्ञानिकों ने कहा कह दो-तीन दिन बरसात की संभावना है। गांव पालवास निवासी किसान राजेश ने बताया कि गर्मी ज्यादा पड़ा रही है। अगर बारिश आती है तो वह फायदेमंद रहेगी। गर्मी के कारण फसलों व पशुओं में नुकसान होता है। सब्जियां व फसलों में बारिश होने से लाभ होगा। जमीन का जलस्तर काफी नीचे गया हुआ है। पीने का पानी भी गांवों में नहीं रहा। वहीं खेतों में सिंचाई के लिए भी पानी कम उपलब्ध रहता है। बारिश होता है तो जमीन के जलस्तर में भी सुधार होगा। गांव पालवास निवासी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि हरी मिर्च, भिंडी, तोरिया व ज्वार की फसल की बिजाई कर रखी है। गर्मी के कारण बार-बार पानी देना पड़ रहा है। जब तक मानसून नहीं आएगा, जब तक ट्यूबलों के भरोसे सब्जी व फसल हैं। जमीन के पानी से सिंचाई के कारण ट्यूबवेल का पानी भी खराब हो रखा है और जलस्तर भी नीचे गया हुआ है। इसका फसलों में काफी नुकसान है। मानसून आना के बाद फसलें अच्छी होगी। जिन फसलों में पानी की अधिक आवश्यकता होती है, उसकी पूर्ति होगी। वहीं जमीन का जलस्तर भी ऊपर आएगा। पेयजल की भी समस्या चल रही है। अच्छी बारसात होगी तो फसलें भी अच्छी होंगी। भिवानी के कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक डॉ. देवीलाल ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से तापमान में काफी गिरावट हुई है। वहीं अभी तापमान 35-40 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। अब फिर से गर्मी बढ़ी है। अगले तीन-चार दिन बारिश की संभावना है। जिसके तहत जिले के अधिकतर एरिया में बारिश के साथ, तेज हवाएं, गरज व चमक का भी अनुमान है। उन्होंने बताया कि इस बार केरल में मानसून एक सप्ताह पहले पहुंचा था। उसी अनुरूप ही मानसून आगे चलता है। अभी राजस्थान में मानसून की बारिश हो रही हैं और एक सप्ताह पहले प्रवेश कर रखा है। न्यूनतम तापमान में भी गिरावट आई है। जिसके चलते न्यूनतम तापमान 25-30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। आने वाले दिनों में बारिश की अच्छी संभावना बन रही है। डॉ. देवीलाल ने बताया कि मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए जिन किसानों ने धान की रोपाई करनी है तो वे एक-दो दिन इंतजार करें। जब मानसून की अच्छी बरसात हो जाए, उसके बाद ही धान की रोपाई करें। अभी बारिश की संभावना है और इंतजार कर सकते हैं। जिन किसानों ने कपास की फसल बिजाई की हुई, वे कीटनाशकों का छिड़काव मौसम को ध्यान में रखते हुए करें। कई बार मानसून देरी से आता है तो उससे फसलों में नुकसान होता है। लेकिन इस बार मानसून जल्दी आ रहा है। इसका फसलों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।। #newstodayhry @newstodayhry



