Haryana
Trending

बेलर सब्सिडी की समय-सीमा बढ़ाने की मांग ll

बेलर सब्सिडी की समय-सीमा बढ़ाने की मांग ll

सिरसा – (अक्षित कम्बोज ) भारतीय किसान एकता (बीकेई) ने फसल अवशेष प्रबंधन (सीआरएम) योजना के तहत किसानों को पेश आ रही गंभीर समस्याओं को लेकर हरियाणा के माननीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री तथा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के महानिदेशक को एक आधिकारिक मांग पत्र प्रेषित किया है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार और प्रशासन ने समय रहते किसानों की इन जायज मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। बीकेई प्रदेशाध्यक्ष लखविंद्र सिंह औलख ने बताया कि कंपनियों के पास बेलर मशीनों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध न होने के कारण किसानों को पूरा भुगतान करने के बावजूद समय पर मशीन की डिलीवरी और बिल नहीं मिल पा रहे हैं। बिल अपलोड करने की अंतिम तिथि 14 सितंबर तय की गई है। मशीनों की आपूर्ति न होने के कारण किसान बिल अपलोड करने में असमर्थ हैं, जिससे उनकी सब्सिडी रद्द होने और जमा पैसा डूबने का सीधा संकट मंडरा रहा है। उन्होंने बताया कि बड़ी संख्या में पात्र किसानों ने बेलर सब्सिडी के लिए आवेदन किया था, लेकिन उन्हें विभाग द्वारा वेटिंग लिस्ट में रखा गया है और वे योजना के लाभ से वंचित हैं। उन्होंने कृषि मंत्री को भेजे पत्र में मांग की कि बिल अपलोड करने की अंतिम तिथि 14 सितंबर से बढ़ाकर 14 अक्टूबर 2026 की जाए। वेटिंग लिस्ट में शामिल सभी पात्र किसानों को सब्सिडी का लाभ देते हुए बेलर मशीनें उपलब्ध कराई जाएं। कृषि विभाग मशीन निमार्ता कंपनियों की आपातकालीन बैठक बुलाकर आपूर्ति (डिलीवरी) की समय-सीमा तय करे और पारदर्शी वितरण सुनिश्चित करे। जिन किसानों के पास बुकिंग या चालान रसीद है, उनकी सब्सिडी किसी भी परिस्थिति में रद्द न की जाए। भारतीय किसान एकता के प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख ने कहा कि पराली न जलाने और पर्यावरण संरक्षण के लिए किसान हर संभव प्रयास कर रहे हैं, लेकिन कंपनियों की अकर्मण्यता और प्रशासनिक ढिलाई का खामियाजा किसानों पर नहीं थोपा जाना चाहिए। उन्होंने सरकार से मांग की है कि पराली प्रबंधन की सफलता और किसानों के व्यापक हित में अतिशीघ्र लिखित आदेश जारी किए जाएं। @newstodayhry #newstodayhry

Related Articles

Back to top button