80 हजार चुकाने के बाद भी नहीं मिली पूरी जानकारी, आरटीआई एक्टिविस्ट की अपील पहुंची स्टेट कमीशन II
80 हजार चुकाने के बाद भी नहीं मिली पूरी जानकारी, आरटीआई एक्टिविस्ट की अपील पहुंची स्टेट कमीशन II


कुरुक्षेत्र-(संगीत गीत):- कुरुक्षेत्र धर्मनगरी कुरुक्षेत्र के आरटीआई एक्टिविस्ट पंकज को 80 हजार देने के बावजूद नही मिली पूरी जानकारी तो मामला स्टेट कमीशन पहुंचा,साढ़े छह माह बीते 15 पॉइंट सूचना में छूटे जनस्वास्थ्य विभाग के पसीने, देना पड़ा 40000 पृष्टों में जवाब धर्मनगरी कुरुक्षेत्र के आरटीआई एक्टिविस्ट पंकज को 80 हजार देने के बावजूद पूरी जानकारी नही मिली,यहां तक साढ़े छह माह बीत गए 15 पॉइंट सूचना में जनस्वास्थ्य विभाग के पसीने इस कदर छुटे कि विभाग को 40000 पृष्टों में जवाब देना पड़ा जिससे शिकायतकर्ता असन्तुष्ट है व उसने स्टेट कमिशन में अपील दर्ज करवाई है आरटीआई एक्टिविस्ट पंकज ने 30 जनवरी को कार्यकारी अभियंता जन स्वास्थ्य एवं अभियान्त्रिकी विभाग कुरुक्षेत्र में नियमानुसार आरटीआई लगाई थी। जानकारी मांगी थी कि विभाग की तरफ से विभिन्न टेंडर की प्रक्रिया में क्या नियमों के विपरीत काम हो रहा है। मसलन जनवरी 2023 से 2025 तक विभाग में कितने कामों के टेंडर लगे। कितने ठेकेदारों को लाइसेंस जारी हुए। कितने पक्के कर्मचारी, कितने कच्चे, कितने ठेके पर लगे हैं। कितना राजस्व आया। मुख्य ऑफिस, जिला स्तर, सब डिविजन पर कितने के काम हुए, कितना खर्च हुआ। कितने ठेकेदारों ने जीएसटी भरी आदि करीब 15 पॉइंट जानकारी मांगी। विभाग ने पैसे लेने के बाद भी सूचना उपलब्ध नहीं करवाई । जिस पर उसने राज्यपाल , मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, इंजीनियर इन चीफ व अन्य आला अधिकारियों को फरियाद की डीसी कुरुक्षेत्र ने आदेश दिए, तब विभाग ने करीब एक क्विंटल 8 किलो 200 ग्राम वजनी पेपर भेजे। जिसमें करीब 40 हजार पन्नों में जवाब है, पंकज का आरोप है कि आधी सूचना दी ही नहीं आधे पन्ने गैर जरूरी रिकॉर्ड के थमा दिए। बाकी सूचना के जवाब गोल गोल घुमा दिए। अब उन्होंने मुख्य सुचना आयुक्त के दरबार में शरण ली है। उनकी अपील स्वीकार कर ली है। यही नही कार्यकारी अभियंता ने जो फ़ीस जमा करवाई थी उसे अभी तक विभाग के खाते में जमा नहीं करवाया। जिसकी पुष्टि बैंक ने की है। बता दें कि डिमांड ड्राफ्ट और बैंकर चेक की मियाद 3 माह की होती। इसके बाद उसकी मियाद ख़त्म हो जाती।। #newstodatyhry @newstodayhry



