डेयरी यूनियन अमृतसर ने DC ऑफिस के सामने किया विरोध प्रदर्शन।।
डेयरी यूनियन अमृतसर ने DC ऑफिस के सामने किया विरोध प्रदर्शन।।

अमृतसर – (नेहा गिल) :- डेयरी यूनियन अमृतसर ने आज अपनी मांगों को लेकर डिप्टी कमिश्नर ऑफिस के सामने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान यूनियन के सदस्यों ने सड़कों पर दूध बहाकर सरकार और प्रशासन के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि शहर और उसके आसपास बड़े पैमाने पर सिंथेटिक दूध, नकली पनीर और खोया तैयार किया जा रहा है, जिससे न सिर्फ लोगों की सेहत को खतरा है, बल्कि असली दूध बेचने वाले पशुपालकों का धंधा भी बर्बाद हो रहा है।मीडिया से बात करते हुए यूनियन लीडर करमजीत सिंह नांगली ने कहा कि पिछले चार साल से वे लगातार एडमिनिस्ट्रेशन और सिविल सर्जन को मेमोरेंडम दे रहे हैं, लेकिन किसी भी अधिकारी ने इस गंभीर मुद्दे पर कोई ठोस एक्शन नहीं लिया। उन्होंने कहा कि पहले भी कई बार प्रोटेस्ट किया गया, लेकिन आज पहली बार उन्हें DC ऑफिस के सामने दूध डालकर अपना प्रोटेस्ट जताना पड़ा।उन्होंने आरोप लगाया कि शहर के अलग-अलग इलाकों जैसे अजनाला रोड, बटाला रोड, फतेहगढ़ चूड़ियां रोड और मीरांकोट इलाके में नकली दूध और पनीर बनाने वाली फैक्ट्रियां खुलेआम चल रही हैं। उन्होंने कहा कि अगर ये फैक्ट्रियां आम लोगों को दिख रही हैं, तो एडमिनिस्ट्रेशन और हेल्थ डिपार्टमेंट को क्यों नहीं दिख रही हैं।करमजीत सिंह नांगली ने कहा कि आज मार्केट में नकली दूध 40 से 55 रुपये प्रति kg और नकली पनीर 160 रुपये प्रति kg बिक रहा है, जबकि असली दूध और पनीर की कीमत इससे कहीं ज़्यादा है। उन्होंने कहा कि लोग सस्ते सामान के चक्कर में अपनी सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं और इन नकली प्रोडक्ट्स से कैंसर, पीलिया और दूसरी गंभीर बीमारियां हो रही हैं। उन्होंने सिविल सर्जन पर भी गंभीर आरोप लगाए और कहा कि जब यूनियन के सदस्य इस मामले को लेकर उनके पास गए तो उन्होंने कहा कि “नकली दूध जैसी कोई चीज़ नहीं होती।” यूनियन ने इस बयान को लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ बताया।डेयरी यूनियन ने मांग की कि नकली दूध और पनीर बनाने वाली फैक्ट्रियों पर तुरंत छापा मारकर सख्त कार्रवाई की जाए और प्रशासन लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाए।अमृतसर – (नेहा गिल) :- डेयरी यूनियन अमृतसर ने आज अपनी मांगों को लेकर डिप्टी कमिश्नर ऑफिस के सामने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान यूनियन के सदस्यों ने सड़कों पर दूध बहाकर सरकार और प्रशासन के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि शहर और उसके आसपास बड़े पैमाने पर सिंथेटिक दूध, नकली पनीर और खोया तैयार किया जा रहा है, जिससे न सिर्फ लोगों की सेहत को खतरा है, बल्कि असली दूध बेचने वाले पशुपालकों का धंधा भी बर्बाद हो रहा है।मीडिया से बात करते हुए यूनियन लीडर करमजीत सिंह नांगली ने कहा कि पिछले चार साल से वे लगातार एडमिनिस्ट्रेशन और सिविल सर्जन को मेमोरेंडम दे रहे हैं, लेकिन किसी भी अधिकारी ने इस गंभीर मुद्दे पर कोई ठोस एक्शन नहीं लिया। उन्होंने कहा कि पहले भी कई बार प्रोटेस्ट किया गया, लेकिन आज पहली बार उन्हें DC ऑफिस के सामने दूध डालकर अपना प्रोटेस्ट जताना पड़ा।उन्होंने आरोप लगाया कि शहर के अलग-अलग इलाकों जैसे अजनाला रोड, बटाला रोड, फतेहगढ़ चूड़ियां रोड और मीरांकोट इलाके में नकली दूध और पनीर बनाने वाली फैक्ट्रियां खुलेआम चल रही हैं। उन्होंने कहा कि अगर ये फैक्ट्रियां आम लोगों को दिख रही हैं, तो एडमिनिस्ट्रेशन और हेल्थ डिपार्टमेंट को क्यों नहीं दिख रही हैं।करमजीत सिंह नांगली ने कहा कि आज मार्केट में नकली दूध 40 से 55 रुपये प्रति kg और नकली पनीर 160 रुपये प्रति kg बिक रहा है, जबकि असली दूध और पनीर की कीमत इससे कहीं ज़्यादा है। उन्होंने कहा कि लोग सस्ते सामान के चक्कर में अपनी सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं और इन नकली प्रोडक्ट्स से कैंसर, पीलिया और दूसरी गंभीर बीमारियां हो रही हैं। उन्होंने सिविल सर्जन पर भी गंभीर आरोप लगाए और कहा कि जब यूनियन के सदस्य इस मामले को लेकर उनके पास गए तो उन्होंने कहा कि “नकली दूध जैसी कोई चीज़ नहीं होती।” यूनियन ने इस बयान को लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ बताया।डेयरी यूनियन ने मांग की कि नकली दूध और पनीर बनाने वाली फैक्ट्रियों पर तुरंत छापा मारकर सख्त कार्रवाई की जाए और प्रशासन लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाए।। #newstodayhry @newstodayhry